घायल कोबरा का सफल रेस्क्यू: सर्प मित्रों की सतर्क टीम ने फिर निभाई ‘जीवनरक्षक’ की भूमिका
स्नेक मेन अनुराग टिंकू शुक्ला के नेतृत्व में उपचार
जांजगीर-चाम्पा। ग्राम पेंड्री में घायल अवस्था में मिले एक कोबरा ने ग्रामीणों में दहशत फैला दी, लेकिन सूचना मिलते ही सर्प मित्रों की टीम मौके पर पहुंची और स्थिति को संभाल लिया। टीम ने पूरी सतर्कता और तकनीकी कौशल के साथ कोबरा को सुरक्षित रेस्क्यू कर उपचार हेतु बाहर निकाला।
जानकारी के अनुसार, ग्रामीणों ने सड़क किनारे घायल पड़े कोबरा को देखा और तुरंत स्नेक रेस्क्यू टीम को सूचना दी। टीम के प्रमुख स्नेक मेन अनुराग टिंकू शुक्ला के नेतृत्व में सदस्य भोला राठौर, शैल राठौर, पप्पू शिवा, विक्की सिंह, पिंटू राठौर, संदीप सिंह और राजू यादव मौके पर पहुंचे। सभी ने मिलकर बिना किसी जोखिम के कोबरा को सुरक्षित रूप से पकड़कर बाहर निकाला।
उधर, रेस्क्यू के दौरान पशु चिकित्सक श्यामलाल ओगरे की देखरेख में घायल कोबरा का प्राथमिक उपचार किया गया। उपचार के बाद सर्प मित्रों ने कोबरा को प्राकृतिक वातावरण में सुरक्षित रूप से छोड़ा, जिससे वन्यजीव संरक्षण की दिशा में एक और सफल कदम दर्ज हुआ।
बताया जाता है कि यह सर्प मित्र टीम अब तक हजारों सांपों का सफल रेस्क्यू कर चुकी है, जिसने इलाके में मानव–सर्प संघर्ष को कम करने और वन्यजीवों के संरक्षण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। ग्रामीणों ने भी टीम की त्वरित कार्रवाई और जिम्मेदाराना कार्य के लिए प्रशंसा की।
सर्प मित्रों का यह प्रयास न सिर्फ जागरूकता और संवेदनशीलता का उदाहरण है, बल्कि क्षेत्र में सुरक्षित एवं संतुलित पर्यावरण निर्माण की दिशा में एक मजबूत कदम भी है।