वायरल ऑडियो कांड में बड़ी कार्रवाई: कार्यपालन अभियंता निलंबित, अनुशासनात्मक कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू
कलेक्टर की जांच के बाद जलसंसाधन विभाग ने जारी किया आदेश, आपत्तिजनक भाषा और अमर्यादित आचरण पर सख्त कदम, मुख्यालय अटैच

वायरल ऑडियो कांड में बड़ी कार्रवाई: कार्यपालन अभियंता निलंबित, अनुशासनात्मक कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू
कलेक्टर की जांच के बाद जलसंसाधन विभाग ने जारी किया आदेश,
आपत्तिजनक भाषा और अमर्यादित आचरण पर सख्त कदम, मुख्यालय अटैच
जांजगीर-चांपा। सिंचाई (जलसंसाधन) विभाग से जुड़े वायरल ऑडियो प्रकरण में प्रशासनिक स्तर पर बड़ी कार्रवाई सामने आई है। जांच प्रतिवेदन के आधार पर जलसंसाधन विभाग ने कार्यपालन अभियंता शशांक सिंह को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। साथ ही उनके विरुद्ध अनुशासनात्मक कार्रवाई की प्रक्रिया भी प्रारंभ कर दी गई है।

वायरल ऑडियो से शुरू हुआ पूरा मामला
गौरतलब है कि हाल ही में सोशल मीडिया पर एक ऑडियो तेजी से वायरल हुआ था, जिसमें विभाग के कार्यपालन अभियंता और वाहन चालक के बीच बातचीत होने का दावा किया गया। इस कथित बातचीत में आपत्तिजनक भाषा के उपयोग और अमर्यादित व्यवहार की बात सामने आई थी। मामला सार्वजनिक होते ही प्रशासन ने इसे गंभीरता से लिया।
कलेक्टर के निर्देश पर हुई जांच
जांजगीर-चांपा कलेक्टर जन्मेजय महोबे ने मामले में तत्काल संज्ञान लेते हुए अपर कलेक्टर को जांच के निर्देश दिए थे। जांच प्रतिवेदन में प्रथम दृष्टया संबंधित अधिकारी द्वारा अधीनस्थ कर्मचारी के साथ अभद्र भाषा के प्रयोग और अनुचित आचरण की पुष्टि होने पर आगे की कार्रवाई की अनुशंसा की गई।
राज्य शासन ने जारी किया निलंबन आदेश
जांच प्रतिवेदन के आधार पर कलेक्टर द्वारा प्रस्ताव भेजे जाने के बाद जलसंसाधन विभाग, मंत्रालय नवा रायपुर द्वारा आदेश जारी करते हुए कार्यपालन अभियंता शशांक सिंह को छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (आचरण) नियम, 1965 एवं संबंधित प्रावधानों के तहत तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।
आदेश में उल्लेख है कि संबंधित अधिकारी का आचरण शासकीय सेवा की मर्यादा के विपरीत पाया गया, जिसके चलते यह कार्रवाई की गई है।
निलंबन अवधि में मुख्यालय तय
जारी आदेश के अनुसार, निलंबन अवधि के दौरान शशांक सिंह का मुख्यालय प्रमुख अभियंता, जलसंसाधन विभाग, शिवनाथ भवन, नवा रायपुर अटल नगर निर्धारित किया गया है। साथ ही उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ते की पात्रता रहेगी।
वेतन विवाद और कर्मचारी आक्रोश भी आया था सामने
इस पूरे प्रकरण के दौरान संबंधित वाहन चालक द्वारा वेतन रोके जाने का मामला भी सामने आया था। कर्मचारी संगठनों और वाहन चालक संघ ने इसे लेकर आक्रोश जताते हुए कार्रवाई की मांग की थी। कलेक्टर के हस्तक्षेप के बाद आंशिक वेतन जारी होने की जानकारी भी सामने आई थी।
प्रशासन का स्पष्ट संदेश
इस कार्रवाई को प्रशासनिक अनुशासन और शासकीय मर्यादा बनाए रखने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है। अधिकारियों एवं कर्मचारियों को यह स्पष्ट संदेश दिया गया है कि किसी भी प्रकार की अभद्रता, दुर्व्यवहार या पद के दुरुपयोग को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
आगे भी जारी रहेगी कार्रवाई की प्रक्रिया
प्रकरण में विभागीय जांच और अनुशासनात्मक कार्रवाई की प्रक्रिया जारी है। संबंधित प्राधिकरण द्वारा नियमानुसार आगे की कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।




