Welcome to CG khabarnama   Click to listen highlighted text! Welcome to CG khabarnama
छत्तीसगढ़टॉप न्यूज़राज्यलोकल न्यूज़

सिंचाई विभाग में मुख्य अभियंता पर गाली-गलौज का आरोप, ऑडियो वायरल से मचा हड़कंप

वाहन चालक को फोन पर अभद्र भाषा और ट्रांसफर की धमकी देने का आरोप

सिंचाई विभाग में मुख्य अभियंता पर गाली-गलौज का आरोप, ऑडियो वायरल से मचा हड़कंप

वाहन चालक को फोन पर अभद्र भाषा और ट्रांसफर की धमकी देने का आरोप

चार महीने का वेतन रोके जाने का भी मामला सामने आया, कर्मचारी संघ में आक्रोश

जांजगीर-चांपा। जिले के सिंचाई विभाग में एक बार फिर विवाद गहराता नजर आ रहा है। विभाग के मुख्य अभियंता शशांक सिंह पर पदस्थ वाहन चालक से फोन पर अभद्र भाषा में बातचीत, गाली-गलौज और धमकी देने के आरोप लगे हैं। इस कथित बातचीत का ऑडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद पूरे मामले ने तूल पकड़ लिया है।

बताया जा रहा है कि वायरल ऑडियो में मुख्य अभियंता द्वारा वाहन चालक से बातचीत के दौरान अशोभनीय भाषा का इस्तेमाल किया गया है। बातचीत में कथित तौर पर अपशब्दों का प्रयोग करते हुए चालक को दंतेवाड़ा ट्रांसफर कराने की धमकी दी जा रही है। हालांकि इस वायरल ऑडियो की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है।

क्या है पूरा मामला…?

जानकारी के अनुसार, वाहन चालक शशिकांत साहू, जो नरियरा सब डिवीजन में पदस्थ है, को प्रशासनिक व्यवस्था के तहत अकलतरा एसडीएम कार्यालय में अटैच किया गया था। इसी दौरान मुख्य अभियंता द्वारा चालक को डिवीजन कार्यालय में वापस बुलाने का निर्देश दिया गया।

चालक द्वारा एसडीएम कार्यालय से रिलीव नहीं किए जाने की स्थिति बताने पर कथित तौर पर मुख्य अभियंता नाराज हो गए और फोन पर बातचीत के दौरान मर्यादा का उल्लंघन करते हुए अभद्र भाषा का प्रयोग किया।

चार महीने का वेतन रोके जाने का आरोप

मामले में यह भी आरोप सामने आया है कि संबंधित वाहन चालक का चार महीने का वेतन रोका गया था। इससे वह लंबे समय से आर्थिक और मानसिक परेशानी का सामना कर रहा था। बताया जाता है कि जिला कलेक्टर के हस्तक्षेप के बाद एक महीने का वेतन जारी किया गया, जबकि शेष भुगतान अब भी लंबित है।

वाहन चालक को फोन पर अभद्र भाषा और ट्रांसफर की धमकी देने का आरोप चालक संघ में आक्रोश, ज्ञापन की तैयारी

घटना के बाद वाहन चालक संघ में आक्रोश व्याप्त है। संघ के पदाधिकारियों ने मामले में कड़ी कार्रवाई की मांग करते हुए जिला प्रशासन को ज्ञापन सौंपने की तैयारी शुरू कर दी है। संघ का कहना है कि यह मामला केवल एक कर्मचारी तक सीमित नहीं है, बल्कि पूरे कर्मचारी वर्ग के सम्मान और सुरक्षा से जुड़ा हुआ है।

पहले भी विवादों में रहे अधिकारी

सूत्रों के अनुसार, संबंधित अधिकारी पर पूर्व में भी विभागीय कार्यप्रणाली को लेकर सवाल उठते रहे हैं। अधीनस्थ कर्मचारियों से व्यवहार और प्रशासनिक समन्वय को लेकर भी कई बार असंतोष सामने आ चुका है।

जांच और कार्रवाई की मांग तेज

वायरल ऑडियो के सामने आने के बाद कर्मचारी संगठनों और आमजन में मामले को लेकर चर्चा तेज हो गई है। विभिन्न पक्षों द्वारा निष्पक्ष जांच और दोषी पाए जाने पर सख्त विभागीय कार्रवाई की मांग की जा रही है।

कलेक्टर ने विज्ञप्ति जारी कर दिए कार्यवाही के संकेत

जांजगीर-चांपा कलेक्टर द्वारा विज्ञप्ति जारी कर बताया गया है कि सिंचाई विभाग से संबंधित ऑडियो वायरल होने का मामला संज्ञान में आया है। कलेक्टर ने स्पष्ट किया है कि सोशल मीडिया में प्रसारित ऑडियो की सत्यता की पुष्टि किया जाना आवश्यक है, जिसके लिए संबंधित प्रकरण की जांच के निर्देश दिए गए हैं।

विज्ञप्ति में कहा गया है कि प्रशासनिक अधिकारियों एवं कर्मचारियों द्वारा शासकीय कार्य के दौरान मर्यादित आचरण और अनुशासन का पालन किया जाना अनिवार्य है। किसी भी प्रकार की अभद्रता, दुर्व्यवहार अथवा पद के दुरुपयोग को गंभीरता से लिया जाएगा।

कलेक्टर ने संबंधित विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया है कि पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच सुनिश्चित की जाए और जांच प्रतिवेदन शीघ्र प्रस्तुत किया जाए। साथ ही यह भी उल्लेख किया गया है कि जांच में यदि कोई अधिकारी या कर्मचारी दोषी पाया जाता है, तो उसके विरुद्ध नियमानुसार कड़ी विभागीय कार्रवाई की जाएगी।

प्रशासन ने आम नागरिकों और कर्मचारियों से अपील की है कि किसी भी प्रकार की शिकायत या समस्या होने पर निर्धारित माध्यमों के जरिए अवगत कराएं, ताकि समय पर उचित कार्रवाई की जा सके।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!
Click to listen highlighted text!