15 वर्षों से अटैच जीवविज्ञान व्याख्याता कार्यमुक्त, सलखन स्कूल में वापसी का आदेश
21 अगस्त को स्कूल में ताला लगाकर आंदोलन की चेतावनी के बाद प्रशासनिक कार्रवाई, अंजली मधुकर को ससहा से कार्यमुक्त कर मूल शाला सलखन भेजने के निर्देश

15 वर्षों से अटैच जीवविज्ञान व्याख्याता कार्यमुक्त, सलखन स्कूल में वापसी का आदेश
21 अगस्त को स्कूल में ताला लगाकर आंदोलन की चेतावनी के बाद प्रशासनिक कार्रवाई, अंजली मधुकर को ससहा से कार्यमुक्त कर मूल शाला सलखन भेजने के निर्देश
जांजगीर-चाम्पा। नवागढ़ विकासखंड के शासकीय उच्च माध्यमिक शाला सलखन में जीवविज्ञान विषय की पढ़ाई प्रभावित होने और लंबे समय से अटैच चल रही जीवविज्ञान व्याख्याता की मूल शाला में वापसी की मांग को लेकर विद्यालय प्रबंधन समिति ने आंदोलन की चेतावनी दी थी। समिति ने 21 अगस्त को स्कूल में ताला लगाकर आंदोलन करने की बात कही थी। इसके बाद मामले को लेकर बने दबाव के बीच जिला प्रशासन ने कार्रवाई करते हुए जीवविज्ञान व्याख्याता अंजली मधुकर को कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय ससहा से तत्काल प्रभाव से कार्यमुक्त कर उनकी मूल पदस्थापना संस्था शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय सलखन में कार्यभार ग्रहण करने के निर्देश जारी कर दिए हैं।

गौरतलब है कि विद्यालय प्रबंधन समिति ने कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर बताया था कि जीवविज्ञान व्याख्याता अंजली मधुकर पिछले करीब 15 वर्षों से मूल शाला से अटैच होकर कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय ससहा में कार्यरत हैं। इसके चलते शासकीय उच्च माध्यमिक शाला सलखन में जीवविज्ञान विषय की पढ़ाई प्रभावित हो रही थी और छात्र-छात्राओं को विषय का नियमित शैक्षणिक मार्गदर्शन नहीं मिल पा रहा था।
समिति का कहना था कि शिक्षिका की कमी के कारण विद्यालय की शैक्षणिक व्यवस्था प्रभावित हो रही है। प्रतिवर्ष शिक्षिका की मूल शाला में वापसी के लिए जिला शिक्षा अधिकारी एवं कलेक्टर को पत्राचार किया जाता रहा, लेकिन लंबे समय तक सलग्नीकरण समाप्त कर वापसी की कार्रवाई नहीं हो सकी।

21 अगस्त को ताला लगाकर आंदोलन की दी थी चेतावनी
शिक्षिका की वापसी को लेकर समिति ने आंदोलन का भी ऐलान किया था। समिति ने स्पष्ट किया था कि यदि शिक्षिका को मूल शाला सलखन वापस नहीं भेजा गया तो 21 अगस्त को विद्यालय में ताला लगाकर आंदोलन किया जाएगा। आंदोलन की चेतावनी के बाद मामले को लेकर प्रशासनिक स्तर पर कार्रवाई हुई और शिक्षिका को कार्यमुक्त करने का आदेश जारी कर दिया गया।
कलेक्टर कार्यालय से जारी आदेश में अंजली मधुकर, व्याख्याता जीवविज्ञान को कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय ससहा से तत्काल प्रभाव से कार्यमुक्त करते हुए उनकी मूल पदस्थ संस्था शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय सलखन में कार्यभार ग्रहण करने के निर्देश दिए गए हैं।
मूल शाला में नियमित अध्यापन की उम्मीद
शिक्षिका की वापसी का आदेश जारी होने के बाद अब सलखन स्कूल में जीवविज्ञान विषय की नियमित पढ़ाई शुरू होने की उम्मीद है। लंबे समय से शिक्षिका की कमी से जूझ रहे विद्यालय के छात्र-छात्राओं को अब विषय विशेषज्ञ का मार्गदर्शन मिल सकेगा। विद्यालय प्रबंधन समिति और स्थानीय प्रतिनिधियों द्वारा लगातार उठाई जा रही मांग तथा आंदोलन की चेतावनी के बाद हुई इस कार्रवाई से विद्यालय की शैक्षणिक व्यवस्था में सुधार की उम्मीद जताई जा रही है।




